नीमकाथाना न्यूज़- राजपूत आरक्षण मंच के प्रदेशाध्यक्ष संपतसिंह शेखावत ने कहा है कि राजपूत समाज पिछले 20 वर्षों से ओबीसी की मांग को लेकर आंदोलन कर रहा है।

भाजपा-कांग्रेस ने समाज की उपेक्षा की। हालांकि राजपूत समाज 70 साल से गैर कांग्रेस पृष्ठभूमि में रहा है, जबकि भाजपा का संस्थापक वोट बैंक रहा। पीछे दो कार्यकाल भाजपा के रहे, लेकिन उसमें समाज की उपेक्षा की गई। ओबीसी आरक्षण को लेकर कोई प्रयास नहीं किए। ऐसे में आरक्षण टालने वालों को चुनावों में सबक सिखाएंगे। वे सोमवार को यहां होटल तिरुपति में प्रेस वार्ता को संबोधित कर रहे थे।

उन्होंने कहा, मुख्यमंत्री ने खुद 26 फरवरी 2003 को लिखकर दिया था कि राजपूत समाज को ओबीसी में आरक्षण मिलना चाहिए। मुख्यमंत्री तो ओबीसी आरक्षण में शामिल हो गई। उन्होंने राजपूत समाज के साथ धोखा किया हैं।

ऐसे में संगठन पदाधिकारियों ने प्रस्ताव लेकर आरक्षण मंच की कोर कमेटी ने भाजपा के खिलाफ वोट करने का निर्णय लिया हैं। भाजपा को हराने में सक्षम प्रत्याशी को समर्थन दिया जाएगा। इस दौरान संगठन महामंत्री जयसिंह मंढ़ोली ने भी स्थानीय मुद्दे गिनाए।

जयराम सिंह डाबला को समर्थन दिया : राजपूत आरक्षण मंच ने स्वराज इंडिया पार्टी के प्रत्याशी जयराम सिंह को समर्थन दिया है। प्रदेशाध्यक्ष संपत सिंह ने बताया कि राजपूत समाज के विधायकों द्वारा आरक्षण को लेकर पैरवी नहीं की गई। ऐसे में उनका भी विरोध किया गया है। 

- ऐसी ही अपने क्षेत्र की ताजा ख़बरें सबसे पहले पाने के लिए डाउनलोड करें Digital Neemkathana App गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध।